
CRS NEWS रायबरेली। पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के 1501वें जन्मदिवस के अवसर पर बुधवार को रायबरेली में जुलूस-ए-मोहम्मदी निकाला गया। जुलूस में बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग शामिल हुए। शहर की सड़कों पर जगह-जगह लोगों ने जुलूस का स्वागत किया। इस दौरान पूरा माहौल धार्मिक नारों, नात-ए-पाक और दरूद-ओ-सलाम से गूंजता रहा।
जुलूस के दौरान लोगों ने नबी-ए-पाक की शान में नातें पढ़ीं। “नबी की याद से रोशन मेरे दिल का नगीना है, वो मेरे मन में रहते हैं, मेरा दिल एक मदीना है” जैसे कलाम ने माहौल को भावपूर्ण बना दिया। लोगों ने पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के बताए रास्ते पर चलने और उनके संदेश को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।
जुलूस में बच्चे, युवा और बुजुर्ग बड़ी संख्या में शामिल हुए। कई लोग हाथों में धार्मिक झंडे लेकर चल रहे थे। रास्ते में जगह-जगह लोगों ने जुलूस का स्वागत किया और प्रतिभागियों के लिए पानी आदि की व्यवस्था की गई। जुलूस के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन भी मुस्तैद रहा, ताकि कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
आयोजकों ने कहा कि पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब ने इंसानियत, भाईचारे, प्रेम, सद्भाव और जरूरतमंदों की मदद का संदेश दिया। जुलूस-ए-मोहम्मदी का उद्देश्य उनकी शिक्षाओं और आदर्शों को लोगों तक पहुंचाना है। उन्होंने लोगों से आपसी सौहार्द बनाए रखने और समाज में शांति एवं भाईचारे को मजबूत करने की अपील की।
जुलूस शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए निर्धारित स्थल पर पहुंचा, जहां लोगों ने नात-ए-पाक और दुआ में हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान देश और समाज में अमन-चैन, खुशहाली और आपसी भाईचारे की दुआ की गई। पूरे कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला।







