
CRS NEWS रायबरेली। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान एम्स मुंशीगंज में धोखाधड़ी का मामला प्रकाश में आया है। पीड़ित ने पुलिस को तहरीर देते हुए न्याय की गुहार लगाई है। खुर्शीद निवासी डलमऊ ने निदेशक व एम्स चौकी प्रभारी को लिखे गए पत्र में शिकायत करते हुए बताया कि शुक्रवार को अपने आप को डॉक्टर बता कर एक व्यक्ति ने ढाई लाख रुपए से अधिक की रकम ले ली है। पीड़ित ने शिकायती पत्र मे एम्स के कबाड़ बेचने को लेकर पीड़ित से बात किया। पीड़ित ने डाक्टर बने बहुरूपिया के झांसे मे आ कर एम्स का कबाड़ खरीदने को तैयार हो गया। बहरूपिए के बताए गए नियम का पालन करते हुए पीड़ित ने दो लाख नौ हजार नगद व चौसठ हजार छह सौ रूपए आन लाइन दे दिया। फिर कुछ देर बाद और रूपए मांगने पर पीड़ित को आशंका हुई। तभी भी पीड़ित ने और रूपए देने से मना कर दिया। तभी से बहरूपिए का फोन बंद जा रहा है। पीड़ित खुर्शीद ने बताया कि लखनऊ प्रयागराज मार्ग पर कुचरिया गांव के पास कबाड़ खरीदने का काम करता हू। मेरे नम्बर पर गुरुवार को डा वीके सिंह नाम बता कर मुझसे कबाड़ खरीदने की बात की गई। लेकिन पीड़ित ने शुक्रवार को एम्स ओपीडी पहुंच कर डाक्टर से मुलाकात किया। लगभग आधे घंटे से अधिक समय तक कैंटीन मे बैठ कर कबाड़ को खरीदने की चर्चा कर पेमेंट देने की बात हुई। डा के बताए गए नियम के अनुसार पीड़ित ने पेमेंट कर दिया। कुछ देर बाद और रूपए मांगने पर पीड़ित ने मना कर दिया। तभी से डाक्टर का मोबाइल बंद है। पीड़ित ने निदेशक व चौकी प्रभारी को तहरीर देते हुए न्याय की गुहार लगाई है। एम्स चौकी प्रभारी ने बताया कि तहरीर मिली है। मामला दर्ज कर मामले की जांच पड़ताल कि जा रही है।










