
CRS NEWS :- संसद के मानसून सत्र में Jantar Mantar पर छात्र विरोध और चढ़ावा चोरी के मुद्दे पर छाया राजनीतिक गतिरोध!संसद का मानसून सत्र सरकार और विपक्ष के बीच तीखे टकराव के कारण पूरी तरह ठप पड़ा हुआ है। Jantar Mantar पर प्रदर्शनकारी छात्रों के खिलाफ हुई कथित पुलिस बर्बरता के मुद्दे पर विपक्षी दल लगातार गृह मंत्री अमित शाह से सदन में आधिकारिक बयान देने की मांग कर रहे हैं। इस मांग को लेकर विपक्षी सांसदों ने संसद परिसर के भीतर विरोध मार्च निकाला और जमकर नारेबाजी की, जिसके परिणामस्वरूप लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही बार-बार स्थगित करनी पड़ी। विपक्ष ने इस गतिरोध के लिए सरकार की हठधर्मिता और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के संचालन तरीके को जिम्मेदार ठहराया है।
सदन के भीतर छात्रों के उत्पीड़न के अलावा कई अन्य संवेदनशील और ज्वलंत मुद्दों पर भी जोरदार बहस देखने को मिली। कांग्रेस नेता राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार पर प्रशासनिक जवाबदेही से भागने का आरोप लगाया। वहीं उत्तर प्रदेश के मंदिरों में मिलने वाले दान से जुड़ी “चढ़ावा चोरी” के गंभीर आरोपों और उससे जुड़े विवादों को भी विपक्ष ने पुरजोर तरीके से उठाया। इसके साथ ही, केंद्र सरकार की इथेनॉल ईंधन नीति के दूरगामी प्रभावों और झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं में सामने आई व्यापक धांधली व भ्रष्टाचार का मुद्दा भी बहस का मुख्य केंद्र बना रहा।राजनीतिक बयानों की बात करें तो संजय राउत और अमरा राम जैसे विपक्षी नेताओं ने सदन में प्रधानमंत्री और गृह मंत्री की गैर-मौजूदगी पर सवाल उठाते हुए सरकार के रवैये को गैर-जिम्मेदाराना करार दिया। दूसरी ओर, सत्ता पक्ष के सांसदों ने विपक्ष पर केवल हंगामा करने और देश के महत्वपूर्ण विधायी कार्यों को बाधित करने का आरोप लगाया। दोनों पक्षों के बीच जारी इस तनातनी के चलते जनता से जुड़े अहम मुद्दों पर सार्थक चर्चा होने के बजाय पूरा सत्र राजनीतिक गतिरोध की भेंट चढ़ता दिखाई दे रहा है।






