
CRS NEWS लखनऊ। शहर में अवैध रूप से संचालित डेयरियों के खिलाफ नगर निगम की कार्रवाई के दौरान पकड़ी गईं 243 भैंसों की अब नीलामी की जाएगी। नगर निगम ने इन पशुओं को अलग-अलग कांजी हाउस और गोशालाओं में रखा है। नीलामी के लिए नगर निगम की ओर से तैयारियां पूरी की जा रही हैं। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 24 अगस्त को भैंसों की नीलामी होगी।
नगर निगम के अनुसार, पारा क्षेत्र में अवैध रूप से संचालित डेयरियों के खिलाफ चलाए गए अभियान के दौरान इन पशुओं को पकड़ा गया था। नीलामी में कुल 243 पशु शामिल होंगे। इनमें 241 भैंस, एक भैंसा और एक पड़िया शामिल है। नगर निगम ने प्रत्येक भैंस के लिए 21 हजार रुपये का बेस प्राइस निर्धारित किया है।
नीलामी में शामिल होने के लिए जमा करनी होगी धरोहर राशि
नगर निगम ने नीलामी में भाग लेने वाले इच्छुक लोगों के लिए धरोहर राशि भी निर्धारित की है। बोली में शामिल होने के लिए एक लाख दो हजार रुपये की धरोहर राशि जमा करनी होगी। इसके बाद ही इच्छुक व्यक्ति नीलामी प्रक्रिया में हिस्सा ले सकेंगे। नगर निगम की ओर से नीलामी की शर्तों और प्रक्रिया के संबंध में आवश्यक जानकारी भी उपलब्ध कराई जाएगी।
दोबारा अवैध डेयरी संचालकों के हाथ न पहुंचें पशु
नगर निगम के पशु कल्याण अधिकारी डॉ. अभिनव वर्मा ने बताया कि अभियान के दौरान पकड़े गए अपदूषण कारक पशुओं को शहर के अलग-अलग कांजी हाउसों और गोशालाओं में रखा गया है। नगर निगम की ओर से इन पशुओं की देखभाल की जा रही है।
उन्होंने बताया कि मेयर और नगर आयुक्त के निर्देश पर अवैध डेयरियों के खिलाफ कार्रवाई के दौरान पकड़े गए पशुओं की नीलामी कराने का निर्णय लिया गया है। इसका उद्देश्य यह भी सुनिश्चित करना है कि कार्रवाई में पकड़े गए पशु दोबारा उन्हीं अवैध डेयरी संचालकों के पास न पहुंच सकें।
अवैध डेयरियों पर कार्रवाई जारी
नगर निगम की कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य शहर में नियमों के विपरीत चल रही डेयरियों पर रोक लगाना और पशुओं के कारण होने वाले प्रदूषण तथा गंदगी को नियंत्रित करना है। अधिकारियों के मुताबिक अवैध डेयरियों में पशुओं को रखने से आसपास के क्षेत्रों में गंदगी फैलने के साथ-साथ नालियों के चोक होने और जलभराव जैसी समस्याएं भी सामने आती हैं।
अब 243 पशुओं की नीलामी के बाद नगर निगम की कार्रवाई का अगला चरण भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि अवैध डेयरियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।







