
CRS NEWS रामपुर: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव और पूर्व मंत्री Azam Khan की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। गवाह को डराने-धमकाने और जान से मारने की धमकी देने के मामले में गुरुवार को रामपुर की एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट (सेशन ट्रायल) में अहम सुनवाई होनी है।
अदालत में फिलहाल इस मामले में गवाही (एविडेंस) की प्रक्रिया चल रही है। आज भी कुछ महत्वपूर्ण गवाहों के बयान दर्ज किए जा सकते हैं।
इससे पहले हुई सुनवाई में संभल के हयातनगर थाने में तैनात अपराध निरीक्षक सत्य विजय सिंह की गवाही पूरी की गई थी।
आखिर क्या है पूरा विवाद?
आपको बताते चलें कि यह पूरा मामला रामपुर के चर्चित डूंगरपुर प्रकरण से जुड़ा है। जहां मोहल्ला बेरियान के निवासी नन्हे, जो डूंगरपुर मामले में वादी हैं, उन्होंने 17 अगस्त 2022 को शहर कोतवाली में एक नई प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
नन्हे ने आरोप लगाया था कि कुछ लोग उनके घर आए और उन्हें आजम खान के खिलाफ गवाही न देने का दबाव बनाया।
गवाही देने की सूरत में उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई थी।
जब पूरा मामला पुलिस का पास पहुंचा तो पुलिस ने इस शिकायत की गहन विवेचना के बाद आजम खान और अन्य आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था। अदालत में आजम खान समेत अन्य आरोपियों पर संबंधित धाराओं में आरोप तय हो चुके हैं और अब मुकदमा गवाही के निर्णायक दौर में है।
आपको बताते चलें कि डूंगरपुर मामले में पहले से ही आरोपी आजम खान के लिए यह सुनवाई काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि गवाह को प्रभावित करने के आरोप कानूनी रूप से काफी गंभीर माने जाते हैं।










