
CRS NEWS: (Iran Us War)ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के बीच मध्य पूर्व (Middle East) में तनाव अपने चरम पर पहुँच गया है। गुरुवार, 9 जुलाई 2026 को अमेरिका और ईरान के बीच सैन्य और कूटनीतिक मोर्चे पर अभूतपूर्व उथल-पुथल देखने को मिली। क्षेत्रीय अस्थिरता अब वैश्विक संकट का रूप लेती जा रही है।
खामेनेई का अंतिम संस्कार: ईरान में गुस्से की लहर
फरवरी के अंत में अमेरिका-इजरायल युद्ध के पहले दिन एक इजरायली हमले में मारे गए ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई को गुरुवार को उनके गृहनगर मशहद में सुपुर्द-ए-खाक किया गया।
जनाजा और जनभावना: भीषण गर्मी के बावजूद मशहद में इमाम रज़ा की दरगाह तक भारी भीड़ उमड़ी। छाती पीटते और विलाप करते समर्थक पश्चिमी देशों के साथ किसी भी समझौते को खारिज करते हुए सिर्फ ‘बदले’ की मांग कर रहे हैं।
उत्तराधिकारी पर सस्पेंस: उनके बेटे और भावी उत्तराधिकारी मोजतबा खामेनेई (Mojtaba Khamenei) उसी हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए थे और विकृत होने के कारण अभी भी जनता के सामने नहीं आए हैं।
ईरान और अमेरिका: मिसाइल हमलों से बढ़ा तनाव
खामेनेई के अंतिम संस्कार से ठीक पहले, दोनों कट्टर दुश्मनों के बीच लगातार दूसरे दिन सीधे टकराव की खबरें आईं, जिसने तीसरे विश्व युद्ध (World War 3) की आशंकाओं को हवा दे दी है:
ईरान पर कथित अमेरिकी हमले: ईरानी अधिकारियों और राज्य मीडिया के अनुसार, दक्षिणी ईरान में बुशहर (परमाणु संयंत्र के पास), चोगादक और कोनारक में कई बड़े विस्फोट हुए। कोनारक के गवर्नर के अनुसार, दुश्मन के लड़ाकू विमानों ने नौसेना क्षेत्र को दो चरणों में निशाना बनाया। इसके अलावा, तेहरान और मशहद के बीच उस रणनीतिक रेलवे पुल पर भी बमबारी की गई, जो चीन और रूस को जोड़ता है। इन हमलों में 17 लोगों के मारे जाने की खबर है।
अमेरिका का इनकार: एक अमेरिकी अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि अमेरिकी सेना ने हाल ही में ईरान पर कोई हमला नहीं किया है।
ईरान का भीषण पलटवार: जवाब में, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने जॉर्डन स्थित अमेरिकी ‘अज़राक़ सैन्य अड्डे’ (Azraq military base) को निशाना बनाते हुए 10 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं।
कूटनीतिक हलचल: ट्रम्प और नेतन्याहू का समन्वय
इजरायल-अमेरिका गठजोड़: इजरायली प्रधानमंत्री कार्यालय ने पुष्टि की है कि खाड़ी के हालिया घटनाक्रमों को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और बेंजामिन नेतन्याहू के बीच फोन पर बातचीत हुई है। दोनों नेता इस मुद्दे पर करीबी समन्वय बनाए रखने पर सहमत हुए हैं।
इजरायल की कड़ी चेतावनी: इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने स्पष्ट किया है कि जरूरत पड़ने पर उनका देश ईरान पर “और भी अधिक ताकत” के साथ प्रहार करने के लिए तैयार है।
ईरानी विश्लेषकों का नज़रिया: ईरानी पक्ष का मानना है कि ये हमले ट्रम्प द्वारा समझौता ज्ञापन (MoU) समाप्त करने के बाद शुरू हुए अमेरिकी अभियान का हिस्सा हैं। ईरान इसे वाशिंगटन की ‘हरी झंडी’ मान रहा है।
होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz): वैश्विक व्यापार पर संकट
क्षेत्रीय हिंसा का सीधा असर वैश्विक व्यापार और कच्चे तेल (Crude Oil) की सप्लाई चेन पर पड़ा है:
अमेरिकी सैन्य सुरक्षा: यूएस सेंट्रल कमांड (US CENTCOM) के अनुसार, उन्होंने मई की शुरुआत से अब तक 800 मालवाहक जहाजों और 38 करोड़ बैरल कच्चे तेल को इस मार्ग से सुरक्षित निकाला है।
शिपिंग में भारी गिरावट: समुद्री डेटा फर्म ‘लॉयड्स लिस्ट’ की रिपोर्ट है कि हालिया हिंसा भड़कने के बाद से दुनिया के सबसे अहम चोकप्वाइंट, होर्मुज़ जलडमरूमध्य में जहाजों की आवाजाही में भारी गिरावट दर्ज की गई है।
वेस्ट बैंक, गाजा और लेबनान: सुलगता मध्य पूर्व
ईरान संकट के समानांतर, इजरायल और फिलिस्तीन/लेबनान सीमा पर भी हालात बेकाबू हो रहे हैं:
वेस्ट बैंक में इजरायली कार्रवाई (फिलिस्तीनी वफ़ा एजेंसी की रिपोर्ट):
अल-मुगय्यिर: इजरायली सैन्य बलों की छापेमारी में लाइव फायरिंग से 2 फिलिस्तीनी घायल।
यानुन: इजरायली आबादकारों (settlers) ने 15 छात्रों वाले एक प्राथमिक विद्यालय को ध्वस्त कर दिया।
दीर जारिर: सेना की सुरक्षा में लगभग 150 आबादकारों का शहर पर हमला, वाहनों-घरों में तोड़फोड़ और मेडिकल टीमों को रोका गया।
तुबास: इजरायली बलों ने अलगाव दीवार बनाने के लिए सैकड़ों पेड़ उखाड़े और पानी की पाइपलाइनें नष्ट कीं।
अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रियाएँ:
फ्रांस का दखल: फ्रांस के विदेश मंत्रालय ने इजरायल से गाजा के कमाल अदवान अस्पताल के हिरासत में लिए गए निदेशक डॉ. हुसाम अबू सफीया को रिहा करने की अंतरराष्ट्रीय मांग का समर्थन किया है।
लेबनान सीमा: संयुक्त राष्ट्र शांति सेना (UNIFIL) ने चेतावनी दी है कि दक्षिणी लेबनान में सुरक्षा हालात अभी भी बेहद “नाजुक” हैं।










