
जयमाल से पहले टूटा रिश्ता — दहेज की मांग पर दूल्हे का हमला, खून से सना शादी का मंच
बछरावा (रायबरेली)। थाना क्षेत्र के देवीखेड़ा मजरे राघवपुर गांव में मंगलवार देर रात एक शादी समारोह उस समय दर्दनाक घटना में बदल गया, जब दहेज की मांग को लेकर विवाद इतना बढ़ गया कि तलवार चल गई। खुशियों से सजा जयमाल का मंच देखते ही देखते खून से सन गया और बारात बिना शादी के ही लौट गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव निवासी मोहनलाल की पुत्री प्रीती गौतम का विवाह खचोहन का पुरवा, पोस्ट नेरथुआ निवासी रामसागर के पुत्र सूरज गौतम के साथ तय हुआ था। मंगलवार को धूमधाम के साथ बारात पहुंची। जनवासे में मेहमानों के लिए नाश्ते का समुचित प्रबंध किया गया था और बैंड-बाजे व डीजे की धुन पर बारात का स्वागत किया गया।
जयमाल की रस्म के लिए जैसे ही दुल्हन प्रीती सोलह श्रृंगार कर मंच पर पहुंची, उसी दौरान दूल्हे ने अचानक दहेज में मोटरसाइकिल और अंगूठी की मांग रख दी। इस पर दुल्हन पक्ष ने कुछ समय की मोहलत मांगी, लेकिन दूल्हा अपनी जिद पर अड़ा रहा।
विवाद बढ़ने पर दूल्हे सूरज गौतम ने गुस्से में आकर दुल्हन के भाई धीरज पर तलवार से हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद अफरा-तफरी मच गई और जयमाल की रस्म अधूरी रह गई।
हमले के तुरंत बाद दूल्हा अपने परिजनों और बारातियों के साथ बिना शादी किए ही वापस लौट गया। घायल युवक को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पीड़ित पिता मोहनलाल ने बताया कि उन्होंने बारात के स्वागत में कोई कमी नहीं छोड़ी थी और दहेज की मांग पूरी करने के लिए थोड़ा समय मांगा था, लेकिन लड़के वालों ने उनकी एक नहीं सुनी और विवाद कर बारात वापस ले गए।
घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी श्याम कुमार पाल ने बताया कि प्रकरण की जांच कर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना ने एक बार फिर दहेज प्रथा जैसी कुप्रथा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्षेत्र में इस घटना को लेकर आक्रोश है और लोग दहेज लोभियों की कड़ी निंदा कर रहे हैं।










