टूटी सड़के,नालियाँ, बिखरा कूड़ा गली गली, रोज के नीरिक्षण में हवा किधर चली..?
CRS तिलहर/शाहजहाँपर-पालिका प्रशासन की हठधर्मी के चलते विगत दो वर्ष से नगर की टूटी सड़के, नालियों की मरम्मत तक होना तो दूर, अतिक्रमण से बंद हो चुके नाले तक खुल सके! वहीं सोने पे सुहागा कि टूटी सड़को को गड्ढ़ा युक्त करने में गैस लाईन बिछाने के कार्य ने योगदान दिया तो अब हर घर जल योजना के तहत पाईपलाईन के लिए सड़को को लगातार खोद कर कार्य को अधूरा छोड़ कर जनमानस के सामने कठिनाईयों का पहाड़ खड़ा करने मेें अहम भुमिका निभाई जा रही है!
अधिशासी अधिकारी द्वारा हर रोज नगर भ्रमण/निरीक्षण के बाद भी नगर की पेयजल समस्या और सफाई व्यवस्था पूरी तरह ठप्प चल रही हैं तो वहीं नाले नालियों पर स्थाई अतिक्रमण की पूरी जानकारी होने के बाद भी समझौते के बल पर बड़े लेबल की कार्यवाईयाँ पूरी तरह ठंडे बस्ते डाल रखी है जबकि स्वमित्त भूमियों जबरन नोटिस कार्यवाही कर जनमानस के आगे और भी समस्याएं पैदा करने में अहम भुमिका निभाई जा रही है!
सूत्रो की माने तो नगर पालिका की सम्मानित सदन के आपसी मतभेद नगर के तथाकथित राजनीति व्यक्तित्व के प्रभाव में वोर्ड मीटिंग नही हो पा रही जिसमें नगर विकास के मुद्दो की बात होकर प्रस्ताव पारित कर नगर ही बदहाल व्यवस्था से निजात पाई जा सके! नगर की चौपट व्यवस्था को जहाँ पालिका की अधिशासी अधिकारी महोदया पूरी तरह नज़रअंदाज किए नज़र आ रही है तो वही चेयरप्रसन की तो जैसे पालिका सदन कुछ भी सुनने को तैयार नही! चर्चा है कि टूटी सड़के, गलियाँ नगर की नाली नाले, यह प्रतिदिन होने वाला नीरिक्षण कहाँ विकास और सौन्द्रीकरण कराने में लगा है!









