
रायबरेली महाराजगंज
रिपोर्ट मोहम्मद जावेद
एंकर महराजगंज कोतवाली क्षेत्र के बरीबरा कुटी मजरे मऊ गर्बी में चूल्हे की लपटों से से उड़ी चिंगारिओं ने भयंकर अग्निकांड का रूप धारण कर लिया, और देखते ही देखते आग का तांडव ऐसा मचा कि, 3 परिवारों की पूरी घर गृहस्ती जलकर खाक हो गई, साथ ही छप्पर के नीचे बंधी 18 बकरियां भी जलकर स्वाहा हो गई। अग्निकांड की सूचना पर एकत्रित ग्रामीणों ने सामूहिक प्रयास से घटना को और विकराल रूप धारण करने से रोका। खबर मिलते ही महराजगंज कोतवाल श्याम कुमार पाल, उप निरीक्षक अनिल सिंह यादव के अलावा क्षेत्रीय लेखपाल विवेक प्रताप सिंह आदि मौके पर पहुंचे। मामले से 3 घरों में मातम पसर गया है।
वीओ आपको बता दें कि, मिली जानकारी के मुताबिक सोमवार को दोपहर में लगभग 12:00 बजे गांव निवासिनी रंपता पत्नी भूखन अपने चूल्हे में लकड़ियों को जलाकर खाना बना रही थी। बताते हैं कि, आग से उठी चिंगारियां छप्पर तक पहुंच गई और छप्पर धू-धू कर जलने लगा। घटना के वक्त घर के बाकी लोग बाहर खेतों में गए हुए थे।रंपता के चिल्लाने पर जब तक लोग एकत्र होते आग भीषण रूप धारण कर चुकी थी, और देखते ही देखते आग ने बगल के सर्वेश कुमार और ईश्वर दीन के घरों को भी लपेटे में ले लिया। जब तक ग्रामीण बाल्टियों और ट्यूबवेल के पानी से आग बुझाने का प्रयास करते, तब तक आग के प्रचंड रूप ने पड़ोस में रखें बंगले जिसमें 18 बकरियां बंधी हुई थी, को भी अपने लपेटे में ले लिया, जिससे उसमें बंधी 18 बकरियां जलकर मर गई। वहीं जिलाधिकारी के निर्देश पर राजस्व कर्मियों ने गांव में जाकर नुकसान का आकलन करने मैं जुटे










