
ऊंचाहार, रायबरेली। शीतलहर के चलते जिलाधिकारी द्वारा कक्षा एक से आठ तक के स्कूलों को बन्द करने के लिए दिए आदेश को एनटीपीसी आसवासीय परिसर स्थित स्कूलों के लिए कोई मायने नहीं रखता। स्कूल प्रबन्धन द्वारा जिलाधिकारी के आदेशों को धता बताते हुए धड़ल्ले से कक्षाएं संचालित किया जा रहा है।
भीषण सर्दी गलन, घने कोहरे और शीतलहर के चलते जिलाधिकारी हर्षिता माथुर ने सर्दियों के शुरू होते ही कक्षा एक से आठ तक के सभी परिषदीय विद्यालयों को बन्द करने आदेश जारी किया है। सर्दी कम न होने पर अवकाश बढ़ाने के आदेश हैं। सोमवार को फिर से बढ़े घने कोहरे और चल रही शीतलहर को देखते हुए जिलाधिकारी हर्षिता माथुर के आदेेश के क्रम में जिला विद्यालय निरीक्षक ने मगंलवार को कक्षा एक से आठ तक के सभी बोर्डों के विद्यालयों बन्द करने के आदेश जारी किया है। अवकाश के आदेश जारी होने के बाद भी एनटीपीसी आवासीय परिसर स्थित डीएवी, चिन्मया, लिटिल नेस्ट आदि विद्यालय धड़ल्ले से संचालित रहे। डीएवी विद्यालय ने तो हद ही कर दी। इस विद्यालय ने न सिर्फ जिलाधिकारी और जिला विद्यालय निरीक्षक के आदेश को खारिज किया अपितु चल रहे भीषण शीतलहर में विद्यालय प्रांगण के खुले स्थान पर छात्र छात्राओं को परेड कराया। बड़ा सवाल है कि शिक्षा के मन्दिर द्वारा इस तरह से सराकरी आदेशों की अवहेलना की जायेगी तो आम संस्थाओं का क्या होगा।
कार्यवाहक जिला विद्यालय निरीक्षक रत्नेश कुमार ने बताया कि संचालित विद्यालयों से स्पष्टीकरण मांगा जायेगा। कुछ इसी प्रकार बयान बेसिक शिक्षा अधिकारी का भी है उन्होंने बताया कि संचालित विद्यालयों से खण्ड शिक्षा अधिकारी द्वारा नोटिस जारी करवाकर स्पष्टीकरण मांगा जायेगा।










